ApnaCg@चैत्र नवरात्रि की पर्व पर माता के दरबारों मे लगी लम्बी भीड़

0

ओम गोस्वामी

बिटकुला-मान्यता है कि नवरात्र के दौरान देवी के 9 रूपों की. है। शुक्रवार को चैत्र नवरात्र की सप्तमी पर आदिशक्ति मां के सप्तम स्वरूप कालरात्रि की पूजा करने बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्त देवी मां के दरबार में पहुंच रहे है ।शुक्रवार को भीषण गर्मी पड़ी।

अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ। इस गर्मी के बीच देवी मां के भक्तों की लंबी कतार मां रक्षिन माता मंदिर में नजर आए। तेज धूप के बीच नंगे पांव लोग खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। पंडितों का कहना है कि कालरात्रि की पूजा से नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है। इतना ही नहीं देवी मां का स्मरण करने मात्र से ही असंभव काम संभव हो जाते हैं। कुछ इसी तरह के भाव लिए श्रद्धालु देवी दरबारों में पहुंचे थे।

कोरोना महामारी के दो साल बाद देवी दरबारों की रौनक लौटी है। वहीं आदि शक्ति के प्रति आस्था रखने वालों का हुजूम देवी दरबारों में बना हुआ है। शुक्रवार को चैत्र नवरात्र की सप्तमी तिथि होने के कारण सर्वाधिक भीड़ रही। मां रक्षिन माता मंदिर में सुबह मंदिर का पट खुलते ही श्रद्धालुओं की कतार लगने लगी थी।

जैसे जैसे दिन बढ़ता गया श्रद्धालुओं की संख्या भी बढ़ने लगी थी। जिसके चलते मंदिर परिसर के बाहर खड़े होकर लोगों को दर्शन पूजन के लिए धूप में इंतजार करना पड़ा। अप्रैल माह की 8 तारीख को सूर्यदेव की तपिश तेज रही है। दिन का तापमान 43 डिग्री रिकार्ड हुआ। इस गर्मी के बावजूद देवी मां के भक्तों ने कतार में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार करते रहे। श्रद्धालुओं की यह भीड़ केवल रक्षिन माता ही नहीं वरन नवापारा स्थित मां मनकेशर मंदिर, पहाड़ उपर, बसे मां मौली माता मंदिर, पटवापारा स्थित ठाकुर देव मंदिर , बंधवापारा स्थित दुर्गा माता समेत अंचल के सभी देवी दरबारों में बनी रही ।

अपना छत्तीसगढ़ / अक्षय लहरे / संपादक
Author: अपना छत्तीसगढ़ / अक्षय लहरे / संपादक

The news related to the news engaged in the Apna Chhattisgarh web portal is related to the news correspondents. The editor does not necessarily agree with these reports. The correspondent himself will be responsible for the news.

Leave a Reply

You may have missed

error: Content is protected !!